महमूद को अपना दूसरा पिता अमिताभ मानते थे लेकिन मुश्किल घडी में देखने तक नहीं आये।

अमिताभ बच्चन को सदी का महानायक कहा जाता है ऐसा इसलिए उन्हें कहा जाता है क्योंकि उन्होंने पीढ़ी दर पीढ़ी लोगों का भरपूर मनोरंजन भी किया है और मौजूदा दौर में भी अमिताभ बच्चन की लोकप्रियता में कोई कमी नहीं नजर आ रही है या यूं कहें कि जैसे-जैसे अमिताभ बच्चन की उम्र बढ़ती जा रही है वैसे-वैसे उनका क्रेज भी बॉलीवुड फिल्म इंडस्ट्री में बढ़ता ही जा रहा है और आज के हालात में भी अमिताभ बच्चन की फिल्मों को लोग बहुत ज्यादा पसंद करते हैं क्रॉस इस समय की बात करें तो अमिताभ बच्चन को फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े हुए करीब 50 साल से ज्यादा समय हो गया है और इस दौरान अमिताभ बच्चन ने शानदार फिल्में बॉलीवुड फार्मैलिटी होती हैं और यह आज भी जा रही है अमिताभ बच्चन जितने बड़े सुपरस्टार है उतने उनके बड़े-बड़े तमाम किस्से भी प्रचलित हैं यहां आपको इस बात की जानकारी देना चाहेंगे कि अमिताभ बच्चन के पिता हरिवंश राय बच्चन एक प्रसिद्ध कवि रह

चुके हैं और उनकी मां तेजी बच्चन का भी एक अपना रसूख अथवा करता था लेकिन बेटे को कुछ और बनना था और अमिताभ बच्चन फिल्म की चकाचौंध को देखते हुए इलाहाबाद से यह बता दें हीरो बना था इन्हें लेकिन की शक्ल-सूरत और लंबा कट होने के बावजूद उन्हें काफी आलोचनाएं झेलनी पड़ी तब निर्माता-निर्देशकों के चक्कर काटने के बावजूद है अमिताभ बच्चन को कुछ खास कामयाबी नहीं मिल पाई लेकिन इनकी कई सारी लोगों ने मदद की थी उनमें से एक नाम है महमूद अब अमिताभ बच्चन जब शुरू में एक फिल्म इंडस्ट्री में स्ट्रगल कर रहे थे तो महबूब साहब ने इनकी बहुत ज्यादा मदद की थी यह वही सकते जिन्होंने अमिताभ बच्चन को उठाकर इतना बड़ा सुपरस्टार बनाने की पहली नींव रखी थी और महबूब साहब और अमिताभ बच्चन से जुड़ा एक हम आपको दिलचस्प किस्सा सुनाने वाले हैं जिस किसी की शुरुआत होती है 1972 में इसी साल मशहूर अभिनेता निर्माता निर्देशक

महबूब साहब अपने फिल्म मुंबई टू गोवा फिल्म बना रही थी अमिताभ बच्चन की पहली फिल्म थी जिसमें वह लीड रोल प्ले कर रहे थे इस फिल्म में काम करवाने के लिए अमिताभ बच्चन को महमूद साहब ने काफी कुछ सिखाया भी था अमिताभ बच्चन को लेकर महमूद साहब का नजरिया कुछ इस तरह किया था कि महबूब साहब का कहना था कि वह एक्टर के तौर पर अमिताभ से काफी इंप्रेस थे अमिताभ बच्चन की आंखें उनकी आवाज से ज्यादा बोलती है लेकिन उन्हें बिल्कुल बॉलीवुड अभिनेता के रूप में बदलना काफी मुश्किल था क्योंकि काफी वह शर्मीले थे वहीं जब नाचने की बात आती थी तो अमिताभ बच्चन बिल्कुल बंद हो जाए करते थे हालांकि मुंबई टू गोवा फिल्म की शूटिंग के दौरान अमिताभ बच्चन के साथ जो कुछ हुआ उसे जानवर

सुन्नत सभी लोग तंग भी रहे थे इसी तरह करते वक्त अमिताभ बच्चन इतना ज्यादा परेशान हो गए थे कि उन महमूद साहब के पैरों पर गिरकर रोने लगे थे दरअसल हुआ यूं कि फिल्म मुंबई टू गोवा की शूटिंग के दौरान कुछ ऐसा हुआ कि गाने अमिताभ बच्चन नाच नहीं पा रहे थे वहीं देखा ना हाय रे सोचा ना गाने में डांस करने से अमिताब बच्चन पहले ही हार मान चुके थे क्योंकि उनकी डांसिग स्किल बिल्कुल भी बेकार थी और एक दिन शूटिंग के दौरान अमिताभ बच्चन सेट पर ही नहीं आए और अपने पूरे दिन कमरे में उन्हें तकरीबन 102 डिग्री बुखार था जैसे महमूद साहब अमिताभ बच्चन के पास उनके कमरे में गए तुम था बच्चन के पैरों में गिर गई और फूट-फूटकर रोने

लगते हैं महमूद आपके पैर पकड़कर अमिताब बच्चन बिल्कुल बच्चे की तरह लगे थे और अमिताभ बच्चन ने रोते हुए उस दौरान कहा था महमूद साहब से कि भाई जान अब मुझसे नहीं होगा यह डांस बार अमिताभ बच्चन की ऐसी हालत देख महमूद भी तंग रहेंगे उन्हें अमिताभ बच्चन को जवाब देते हुए कहा कि आदमी चल सकता है तो वह नाच भी सकता है हालांकि अमिताभ बच्चन से मिलने के बाद महमूद साहब अपने डांस मास्टर के पास पहुंची और उसे कहा कि कल अमिताब बच्चन शूटिंग के लिए आए तो एक ही टेक में वह जो भी करें उस पर सारे जोरदार तालियां बजाना अगली सुबह अमिताभ बच्चन फिल्म की शूटिंग पर पहुंचे तो अमिताभ बच्चन पहले टैक पर बहुत ही बुरा डांस किया लेकिन फिर भी लोगों ने जमकर तालियां बजाई यह देखो

अमिताभ बच्चन में आत्मविश्वास जाग उठा और उन्होंने उसी आत्मविश्वास के साथ फिल्म का पूरा गाना रिकॉर्ड कर लिया तो दोस्तों यह थे महमूद साहब जो किसी भी शख्स को कुछ भी बना सकते थे और अमिताभ बच्चन के लिए जो उन्होंने कुछ भी किया वह वाकई काबिले तारीफ था महमूद ने अमिताभ बच्चन को अपने दिल का करीबी मानते थे और यह रिश्ता आखिर समय तक भी रहा महबूब साहब फिल्म इंडस्ट्री से जुड़े एक ऐसे अभिनेता कलाकार के निर्माता-निर्देशक प्रति जुनूनी सबसे ज्यादा अमिताभ बच्चन के करियर को उठाने की कोशिश की थी द बच्चन के अंदर तक हिलाने वाले महमूद सा भी से लेकिन इनसे भी अमिताभ बच्चन के रिश्ते ठीक नहीं रहते हैं यहां आपको इस बात की जानकारी देना चाहेंगे कि महानायक अमिताभ बच्चन महमूद साहब को अपना दूसरा पिता भी कहते थे लेकिन इतना ज्यादा सम्मान देने

वाले अमिताभ बच्चन एक बार महमूद साहब का दिल तोड़ चुके हैं जी हां एक इंटरव्यू महमूद साहब ने खुद इस बात का जिक्र किया था उन्होंने कहा था कि आज मेरे बेटे के पास फिल्मों की लाइन लगी है यह आदमी के पास सक्सेस होती है उसके दो विदा होते हैं एक जिसने पैदा किया और दूसरा जिस ने सफलता तक पहुंचाया मैं उसकी काफी मदद की कई फिल्मों में काम दिलाया उसे मैंने अपने घर में रहने की जगह दी हालांकि इंटरव्यू में आगे उन्हें बताया था कि वैसे तो अमिताभ मेरी बहुत ज्यादा इज्जत करता है लेकिन उसकी यह हरकत से मुझे गहरा धक्का सा लगा उसके पिता हरिवंश राय बच्चन गिर गए थे तो उन्हें देखने के लिए मैं अमिताभ बच्चन के घर गया